सुल्तानपुर। भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) सुल्तानपुर इकाई ने केरल के पूर्व मुख्यमंत्री एवं पोलित ब्यूरो सदस्य कामरेड पिनराई विजयन के आवास पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की छापेमारी के विरोध में शुक्रवार को आजाद पार्क के सामने काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार पर केंद्रीय एजेंसियों के राजनीतिक दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए कहा कि विपक्षी दलों और जनपक्षधर आवाजों को दबाने का प्रयास किया जा रहा है।
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए सीपीएम जिला मंत्री राधेश्याम वर्मा ने कहा कि ईडी और अन्य केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्षी नेताओं को डराने और लोकतांत्रिक आवाजों को कुचलने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और भाजपा वामपंथी विचारधारा को बदनाम करने के लिए एक सुनियोजित नैरेटिव तैयार कर रहे हैं, लेकिन पार्टी ऐसे प्रयासों को सफल नहीं होने देगी।

सीपीएम सचिव मंडल सदस्य राजबहादुर ने कहा कि केंद्र सरकार जनता के असली मुद्दों — महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार — से ध्यान भटकाने के लिए विपक्षी नेताओं को निशाना बना रही है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में असहमति की आवाज को दबाने का प्रयास देशहित में नहीं है।
जिला सचिव मंडल सदस्य शशांक पाण्डेय ने आरोप लगाया कि केरल में भाजपा और कांग्रेस मिलकर वामपंथ को बदनाम करने की साजिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि केरल विधानसभा में विपक्ष के नेता वी.डी. सथीशन की केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात के बाद ईडी की कार्रवाई होना कई सवाल खड़े करता है। उन्होंने कहा कि वामपंथी विचारधारा हमेशा संघर्ष करती रही है और किसी भी प्रकार के दबाव से डरने वाली नहीं है।

जिला कमेटी सदस्य ओम प्रकाश ने केंद्र सरकार से केंद्रीय एजेंसियों के राजनीतिक उपयोग पर रोक लगाने और संविधान तथा लोकतांत्रिक संस्थाओं की गरिमा बनाए रखने की मांग की। उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ता जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष जारी रखेंगे।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने काली पट्टी बांधकर विरोध जताया और ईडी की कार्रवाई के खिलाफ नारेबाजी की। कार्यक्रम में अरशद, दुर्गेश यादव, रामदुलार, शिवनाथ मिश्रा, हरीलाल सोनी, राम सजीवन शर्मा, श्याम बहादुर, इरफान, सुनील पाल, ओम मिश्रा, महेश तिवारी, श्रीकृष्ण बरनवाल, बाल कृष्ण मिश्र, प्रशांत द्विवेदी सहित दर्जनों कार्यकर्ता मौजूद रहे।

