बस्ती, उत्तर प्रदेश | 3 जुलाई 2025
शिक्षा के अधिकार अधिनियम की खुली अवहेलना करते हुए अवैध रूप से किए जा रहे प्राथमिक विद्यालयों के मर्जर (विलय) के खिलाफ आज उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ, जनपद बस्ती के बैनर तले बड़ी संख्या में शिक्षकों ने विरोध जताया।
शिक्षकों ने बस्ती जनपद के सांसद राम प्रसाद चौधरी, कप्तानगंज विधायक कविंद्र चौधरी, बस्ती सदर विधायक महेंद्र नाथ यादव, महादेवा विधायक दूधराम , तथा रुधौली विधायक राजेंद्र चौधरी को ज्ञापन सौंपकर मर्जर पर तत्काल रोक की मांग की।
ज्ञापन में स्पष्ट कहा गया कि इस अव्यवस्थित मर्जर से न केवल लाखों छात्र शिक्षा से वंचित होंगे, बल्कि बड़ी संख्या में शिक्षकों की तैनाती भी समाप्त हो जाएगी। रसोइयों व अन्य सहायक कर्मचारियों की नौकरियां भी संकट में आ जाएंगी।

महेंद्र नाथ यादव ने आश्वासन दिया कि “हम और हमारा संगठन सड़क से सदन तक इस लड़ाई को लड़ेगा।”
दूधराम कथा ने कहा, “आपकी बात सदन में उठाई जाएगी।”
कविंद्र चौधरी ने स्पष्ट कहा, “हम शिक्षकों के साथ हैं, और मर्जर रोकने के लिए हर संभव प्रयास करेंगे।”

कार्यक्रम का नेतृत्व उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के मंडलीय मंत्री व जिलाध्यक्ष चंद्रिका सिंह, जिला मंत्री बालकृष्ण ओझा, कोषाध्यक्ष दुर्गेश यादव, उपाध्यक्ष सुधीर तिवारी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष हरेंद्र यादव, तथा संघर्ष समिति के मीडिया प्रभारी मंगला प्रसाद मौर्य ने किया।
इस अवसर पर हरेंद्र यादव,राकेश मिश्रा,नीलू द्विवेदी, शेषनाथ यादव, रजनीश यादव, गौरव चौधरी, चंद्र मोहन यादव, गिरजेश दूबे, संजय मिश्रा, कंचन माला त्रिपाठी, गीता सिंह,विवेक सिंह महेलका बनो, धीरज सिंह, पुष्पेंद्र सहित कई शिक्षक एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द मर्जर की प्रक्रिया पर रोक नहीं लगी तो वे सड़क पर उतरकर बड़ा आंदोलन करने को बाध्य होंगे।

