नई दिल्ली | 21 मार्च, 2025 – सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट के न्यायाधीश, न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा के आधिकारिक आवास से बेहिसाब नकदी मिलने के मामले में आंतरिक जांच के आदेश दिए हैं। इस मुद्दे पर शुक्रवार सुबह शीर्ष अदालत के वरिष्ठ न्यायाधीशों की एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। सुप्रीम कोर्ट की बारह पीठें निर्धारित समय पर नहीं बैठ सकीं।
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम न्यायमूर्ति वर्मा को दिल्ली से स्थानांतरित कर इलाहाबाद हाईकोर्ट भेजने के पक्ष में है। न्यायमूर्ति वर्मा को अक्टूबर 2021 में इलाहाबाद हाईकोर्ट से दिल्ली हाईकोर्ट स्थानांतरित किया गया था। अब उन्हें वापस भेजने की प्रक्रिया पर विचार किया जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार, वरिष्ठ न्यायाधीशों ने इस मामले में तेजी से कार्रवाई करने और न्यायपालिका की साख बनाए रखने पर जोर दिया। न्यायमूर्ति वर्मा के आधिकारिक आवास से मिली बेहिसाब नकदी को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। इस प्रकरण के बाद न्यायपालिका और कानूनी जगत में हलचल तेज हो गई है।
सुप्रीम कोर्ट की इस पहल को न्यायिक प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। हालांकि, न्यायमूर्ति वर्मा पर लगे आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी। सुप्रीम कोर्ट की आंतरिक समिति इस मामले की निष्पक्ष जांच करेगी और रिपोर्ट सौंपेगी।
इस घटनाक्रम पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं। आगामी दिनों में इस मामले में और भी महत्वपूर्ण फैसले लिए जा सकते हैं।
source – https://www.thehindu.com/news/top-news-of-the-day-march-21-2025/article69358001.ece

