गोंडा: भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और भाजपा के वरिष्ठ नेता बृजभूषण शरण सिंह ने एक बार फिर कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर करारा प्रहार किया है। अपने पैतृक निवास विश्नोहरपुर, नवाबगंज में आम जनता की समस्याएं सुनने के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए बृजभूषण शरण सिंह ने राहुल गांधी के हालिया बयान को निशाने पर लिया, जिसमें राहुल ने आदिवासियों को ‘वनवासी’ कहे जाने और भाजपा पर उनके इतिहास को बदलने का आरोप लगाया था।
राहुल गांधी पर सलाहकारों को लेकर तंज
बृजभूषण शरण सिंह ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा, “राहुल गांधी खुद यह नहीं समझते कि उन्हें क्या बोलना चाहिए और क्या नहीं। उनके पास सही दिशा दिखाने वाले सलाहकार नहीं हैं, बल्कि वही लोग उनके सलाहकार हैं, जो ‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’ से जुड़े हुए हैं। राहुल गांधी कभी संविधान की दुहाई देते थे, और अब उसी संविधान के तहत आदिवासियों को ‘जंगल का मालिक’ बता रहे हैं। आखिर ‘जंगल का मालिक’ का संदर्भ क्या है, यह किसी को समझ नहीं आ रहा।”
गैर-जिम्मेदाराना बयान का आरोप
बृजभूषण सिंह ने राहुल गांधी पर आरोप लगाया कि वह बिना गहरी समझ के बयान दे रहे हैं। “राहुल गांधी को अपनी बातों और सलाहकारों को लेकर पूरी स्पष्टता नहीं है। उनके सलाहकार जो भी कहते हैं, वह उन्हीं बातों को दोहराते रहते हैं। यह बात साफ है कि उनके पास जमीनी हकीकत का कोई अंदाजा नहीं है”।
राहुल गांधी के ‘वनवासी’ बयान पर सवाल
यह बयान तब आया है जब राहुल गांधी ने झारखंड में ‘संविधान सम्मान सम्मेलन’ के दौरान भाजपा पर तीखे प्रहार किए थे। राहुल ने भाजपा पर आदिवासियों को ‘वनवासी’ कहकर उनके अधिकारों को कम करने और उनके इतिहास को बदलने की कोशिश करने का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा था कि भाजपा आदिवासियों को उनकी असली पहचान से वंचित कर रही है और उनके संघर्ष को कमजोर कर रही है।
राहुल के आरक्षण वादे पर भी प्रतिक्रिया
राहुल गांधी के इस बयान के साथ-साथ उन्होंने यह भी घोषणा की थी कि अगर कांग्रेस सत्ता में आती है, तो वह 50 प्रतिशत आरक्षण की सीमा को खत्म करेगी और जाति आधारित जनगणना कराएगी। इस पर बृजभूषण शरण सिंह ने राहुल के आरक्षण वादे को “राजनीतिक नौटंकी” करार दिया और कहा कि कांग्रेस को जमीनी हकीकत का कोई ज्ञान नहीं है।
कश्मीर से जोड़ दिया ‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’ का मामला
अपने बयान में बृजभूषण ने राहुल गांधी के सलाहकारों को ‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’ से जोड़ते हुए कहा, “राहुल गांधी उन्हीं विचारों को अपना रहे हैं, जो देश की अखंडता के खिलाफ हैं। उनकी पार्टी के नेता कभी देश के टुकड़े-टुकड़े करने वालों का समर्थन करते थे और अब राहुल खुद उसी राह पर चल पड़े हैं। आदिवासियों को ‘जंगल का मालिक’ कहकर राहुल गांधी आदिवासी समुदाय की भावनाओं से खेल रहे हैं, और यह दर्शाता है कि उन्हें न तो आदिवासी समाज की समस्याओं की समझ है और न ही उनकी असली पहचान का सम्मान।”
भाजपा की राष्ट्रीयता के सामने राहुल का भ्रम?
बृजभूषण शरण सिंह का यह बयान उन तमाम राजनीतिक घटनाक्रमों के बीच आया है जब भाजपा और कांग्रेस के बीच आदिवासी समुदाय के अधिकारों को लेकर तीखी तकरार हो रही है। बृजभूषण ने राहुल गांधी के बयान को “राजनीतिक भ्रम” और “अवसरवादी राजनीति” का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि भाजपा आदिवासियों के हक और सम्मान के लिए प्रतिबद्ध है, और कांग्रेस का एजेंडा केवल झूठे वादों और भ्रम फैलाने पर आधारित है।
राहुल गांधी के बयान पर बृजभूषण शरण सिंह की प्रतिक्रिया ने एक बार फिर यह साफ कर दिया है कि भाजपा और कांग्रेस के बीच वैचारिक लड़ाई सिर्फ भाषणों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह चुनावी रणनीति और वोट बैंक की राजनीति का बड़ा हिस्सा है। अब देखना यह है कि राहुल गांधी इस तीखे हमले का किस तरह से जवाब देते हैं, और आने वाले दिनों में यह विवाद किस ओर बढ़ता है।

