लखनऊ, 29 सितंबर — उत्तर प्रदेश के कई जिलों में पिछले 24 घंटों से हो रही भारी बारिश ने बाढ़ की स्थिति पैदा कर दी है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे बाढ़ की आशंका कई क्षेत्रों में बढ़ गई है। सिद्धार्थ नगर, बदायूं, बलिया, लखीमपुर खीरी, बाराबंकी, गोंडा और कुशीनगर समेत अन्य जिलों में नदियां खतरे के निशान के करीब बह रही हैं।
तराई क्षेत्र में जलस्तर का उफान
राहत विभाग के अनुसार, उत्तर प्रदेश के तराई और निचले हिमालयी क्षेत्र के जलग्रहण क्षेत्र वाले जिलों में नेपाल और उत्तराखंड में हो रही भारी बारिश का सीधा असर हो रहा है। इन जिलों में नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे आसपास के ग्रामीण इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। गोंडा जिले की जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने कहा, “पिछले दो दिनों की भारी बारिश के बाद हम पूरी तरह सतर्क हैं। हमारी बाढ़ चौकियों और आश्रय स्थलों पर तैनात कर्मचारी स्थिति पर सक्रिय रूप से नजर रख रहे हैं।”
आईएमडी के आंकड़ों से खुलासा
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के आंकड़ों के अनुसार, पिछले 24 घंटों में उत्तर प्रदेश में औसतन 27.6 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जिसमें राज्य के 75 में से 55 जिलों में सामान्य से अधिक बारिश हुई है। गोंडा, गोरखपुर और बलरामपुर जिलों में 24 घंटों के भीतर 150 मिमी से अधिक बारिश दर्ज की गई, जो इन क्षेत्रों में आपातकालीन स्थिति पैदा कर सकती है।
मौसम की मार से जान-माल का नुकसान
तेज बारिश के चलते प्रदेश में कई हादसे भी हुए हैं। अधिकारियों के मुताबिक, पिछले 24 घंटों में बारिश से संबंधित घटनाओं में कम से कम सात लोगों की मौत हो चुकी है। फतेहपुर जिले में तीन लोगों की मौत हुई, जबकि गाजीपुर में दो और चित्रकूट तथा अयोध्या में एक-एक व्यक्ति की जान चली गई। राहत विभाग ने बताया कि प्रभावित जिलों में स्थानीय प्रशासन को स्थिति पर नजर बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
बाढ़ से निपटने के प्रयास और अलर्ट
राहत आयुक्त कार्यालय ने अधिक बारिश वाले जिलों को बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने का निर्देश दिया है। अधिकारियों ने कहा है कि राहत कर्मियों और संसाधनों को प्रभावित क्षेत्रों में तैनात किया गया है, ताकि आपातकालीन स्थिति में तुरंत सहायता पहुंचाई जा सके। इसके साथ ही प्रभावित जिलों में बाढ़ चौकियों और निगरानी टीमों को सक्रिय कर दिया गया है।
उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में हो रही भारी बारिश और बाढ़ के खतरे ने लोगों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। प्रशासन ने सभी प्रभावित जिलों में अलर्ट जारी किया है और नागरिकों से सावधानी बरतने की अपील की है। IMD ने आगामी दिनों में भी भारी बारिश की संभावना जताई है, जिससे हालात और भी गंभीर हो सकते हैं।

