उत्तर प्रदेश के बस्ती जनपद से जुड़ी एक महत्वपूर्ण घटना पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को एक पत्र लिखा है। इस पत्र में उन्होंने कबीर हत्याकांड की सीबीआई जांच की मांग की है, जिससे यह मामला फिर से सुर्खियों में आ गया है।
अजय राय ने अपने पत्र में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से आग्रह किया है कि विवेक नारायण त्रिपाठी उर्फ़ तुलसी, जो कि बस्ती जिले के कप्तानगंज क्षेत्र के ऐंठी डीह गांव के निवासी हैं, द्वारा भेजे गए प्रार्थना पत्र को संज्ञान में लिया जाए। विवेक नारायण त्रिपाठी ने अपने प्रार्थना पत्र में अपने भाई आदित्य नारायण तिवारी उर्फ़ कबीर, जो स्थानीय भाजपा नेता और ए.पी.एन. पी.जी. कॉलेज के छात्र संघ अध्यक्ष थे, की हत्या के मामले में सीबीआई जांच की मांग की है।

यह मामला 9 अगस्त 2019 का है, जब आदित्य नारायण तिवारी उर्फ़ कबीर की हत्या कर दी गई थी। इस घटना ने उस समय राजनीतिक और सामाजिक हलचल पैदा कर दी थी। कबीर की हत्या ने उनके परिवार और समर्थकों को गहरे सदमे में डाल दिया था। इस घटना के बाद से ही उनके भाई विवेक नारायण त्रिपाठी न्याय की मांग करते आ रहे हैं।
विवेक नारायण त्रिपाठी ने आरोप लगाया है कि इस हत्या के मामले में अभी तक न्याय नहीं मिल सका है और अपराधियों को सज़ा नहीं हुई है। उन्होंने अपने प्रार्थना पत्र में इस मामले की सीबीआई जांच की आवश्यकता पर जोर दिया है, ताकि इस गंभीर अपराध की सच्चाई सामने आ सके और दोषियों को कड़ी सज़ा मिल सके।
अजय राय ने कहा है कि वे विवेक नारायण त्रिपाठी के प्रार्थना पत्र को मूल रूप में संलग्न कर रहे हैं और मुख्यमंत्री से इस मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई जांच के आदेश देने का आग्रह कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस मामले में सीबीआई जांच से ही सत्य सामने आ सकता है और पीड़ित परिवार को न्याय मिल सकता है।

अजय राय ने यह भी कहा है कि इस घटना ने न सिर्फ़ एक परिवार को अपूरणीय क्षति पहुंचाई है, बल्कि इसने समाज में भी असुरक्षा की भावना को बढ़ावा दिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री से निवेदन किया है कि इस मामले में शीघ्रता से कार्रवाई करते हुए सीबीआई जांच के आदेश दिए जाएं, ताकि दोषियों को न्याय के कटघरे में खड़ा किया जा सके और पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।
यह पत्र प्रदेश में कानून-व्यवस्था और न्यायिक प्रक्रिया की स्थिति पर सवाल उठाता है, और यदि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस पर शीघ्र और सकारात्मक प्रतिक्रिया देते हैं, तो यह मामले में न्याय की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है। अजय राय के इस पत्र ने कबीर हत्याकांड के पीड़ित परिवार की उम्मीदों को एक नई दिशा दी है और राज्य में न्याय की मांग को और मजबूती से सामने रखा है।

