उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में 1.13 लाख गाड़ियों पर सख्त कार्रवाई होने वाली है। आरटीओ (क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय) की ओर से मिली जानकारी के अनुसार, ये गाड़ियां अपनी समयावधि 15 से 20 साल पूरी कर चुकी हैं और उनका दोबारा पंजीकरण नहीं कराया गया है। इन गाड़ियों में 53,719 कारें और 59,658 दो पहिया वाहन शामिल हैं, जो अभी भी सड़कों पर चल रही हैं।
नियम और समयावधि
विभाग के अनुसार, गाड़ियों के लिए 15 साल की समयावधि तय की गई है। कुछ लोग 15 साल बाद पांच साल के लिए रजिस्ट्रेशन करा लेते हैं। यदि कोई गाड़ी 15 साल की उम्र पूरी कर चुकी है और सड़क पर चलती पाई जाती है, तो उस पर 5000 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा।
एआरटीओ की चेतावनी
एआरटीओ (सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी) पंकज सिंह के अनुसार, कोई भी गाड़ी जो अपनी समयावधि पूरी कर चुकी है, उसका कम से कम पांच साल के लिए रजिस्ट्रेशन और थर्ड पार्टी इंश्योरेंस जरूरी है। इसके अलावा, हाई-सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HRSP) नंबर प्लेट भी अनिवार्य है, अन्यथा पांच साल के लिए फिर रजिस्ट्रेशन नहीं हो पाएगा।
आगामी कार्रवाई
इस कार्रवाई का उद्देश्य सड़कों पर पुरानी और अनरजिस्टर्ड गाड़ियों को हटाना और सुरक्षित यातायात सुनिश्चित करना है। आरटीओ की इस पहल से गाड़ियों के मालिकों को अपनी गाड़ियों का समय पर रजिस्ट्रेशन और इंश्योरेंस करवाने की आवश्यकता पर बल दिया गया है।
बस्ती जिले में आरटीओ की इस सख्त कार्रवाई से गाड़ियों के मालिकों को समय पर अपने वाहनों का रजिस्ट्रेशन और इंश्योरेंस कराने की जागरूकता बढ़ेगी, जिससे सड़कों पर सुरक्षित और संगठित यातायात सुनिश्चित हो सकेगा।

