बस्ती।
जनपद बस्ती के नगर पंचायत नगर अंतर्गत चंद्रशेखर आजाद नगर बाजार में सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। वार्ड नंबर 14 में आवास योजना के सर्वे में भारी अनियमितताओं के आरोप लगे हैं। इस पूरे मामले को लेकर श्रवण पाण्डेय ने नगर पंचायत प्रशासन पर खुलकर आरोप लगाए हैं।
श्रवण पाण्डेय का कहना है कि वार्ड नंबर 14 में जिन लोगों के पास पहले से पक्का आवास मौजूद है, उन्हें फर्जी तरीके से आवासहीन दिखाकर रिपोर्ट तैयार की गई है, जबकि जो परिवार वास्तव में आवास योजना के पात्र हैं, उन्हें केवल पत्र थमा कर औपचारिकता निभा दी गई। आरोप है कि अपात्रों को लाभ पहुंचाने के लिए रिपोर्ट में जानबूझकर गड़बड़ी की गई है।

उन्होंने कहा कि यह मामला सिर्फ वार्ड नंबर 14 तक सीमित नहीं है, बल्कि चंद्रशेखर आजाद वार्ड सहित पूरे नगर पंचायत नगर में आवास सर्वे की पारदर्शिता संदेह के घेरे में है। गलत रिपोर्ट के कारण गरीब और जरूरतमंद परिवार सरकारी योजनाओं से वंचित हो रहे हैं।

आवास योजना के साथ-साथ वार्ड की बदहाल साफ-सफाई व्यवस्था भी सवालों के घेरे में है। वार्ड में जगह-जगह खुली नालियाँ बह रही हैं, जिनसे गंदगी और बदबू फैल रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह स्थिति सरकार की स्वच्छ भारत मिशन की हकीकत और दावों की पोल खोल रही है। नालियों की सफाई और ढकाव न होने से बीमारी फैलने का खतरा बना हुआ है, लेकिन नगर पंचायत प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा।
श्रवण पाण्डेय ने मांग की है कि आवास सर्वे की निष्पक्ष जांच कराई जाए, गलत रिपोर्ट लगाने वाले कर्मचारियों व जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई हो और साथ ही वार्ड में साफ-सफाई व्यवस्था दुरुस्त कराई जाए। उन्होंने कहा कि जब तक जमीनी स्तर पर काम नहीं होगा, तब तक योजनाओं के दावे केवल कागजों तक ही सीमित रहेंगे।
स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से हस्तक्षेप कर पूरे नगर पंचायत नगर में दोबारा सर्वे कराने और वार्ड नंबर 14 सहित अन्य वार्डों में नालियों की तत्काल सफाई व मरम्मत कराने की मांग की है।

