बस्ती, 12 फरवरी। ट्रेड यूनियन संगठनों और संयुक्त किसान मोर्चा ने जनपद में आयोजित देशव्यापी आम हड़ताल को सफल बताया है। सीटू सहित विभिन्न केंद्रीय श्रमिक महासंघों, खेत मजदूर यूनियन और संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर श्रमिकों और किसानों की मांगों को लेकर व्यापक प्रदर्शन किया गया।

देशव्यापी हड़ताल के क्रम में सीटू, एटक, एक्टू से जुड़े एमडीएम रसोइया कर्मचारी यूनियन, यूपीएमएसआरए, जिला ट्रेड यूनियन काउंसिल, आशा कर्मचारी यूनियन, ई-रिक्शा संचालक यूनियन, बिजली कर्मचारी संघ, जलकल यूनियन, संविदा कर्मचारी संघ, खेत मजदूर यूनियन, भारतीय किसान यूनियन, किसान सभा तथा अन्य श्रमिक संगठनों के साथ जनवादी संगठन—जनौस, एडवा और एआईएसएफ—ने संयुक्त नेतृत्व में प्रदर्शन किया।

ध्रुव चंद, अशर्फी लाल गुप्ता, रंजीत श्रीवास्तव, राम अचल निषाद, गौरी शंकर चौधरी, शिवाजी शुक्ला सोनी, सत्यभान, शिव चरण निषाद, परशुराम और वसीम के नेतृत्व में कार्यकर्ता न्याय मार्ग स्थित सीटू कार्यालय पर एकत्र हुए। वहां से जुलूस न्याय मार्ग, कचहरी और शास्त्री चौक होते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचा, जहां जोरदार प्रदर्शन किया गया।

प्रदर्शन के दौरान चारों श्रम संहिताओं और भारत-अमेरिका समझौते की प्रतियां जलाकर विरोध जताया गया। इसके बाद उपजिलाधिकारी बस्ती सदर शत्रुघ्न पाठक के माध्यम से महामहिम राष्ट्रपति को संबोधित आठ सूत्रीय मांगपत्र सौंपा गया।
मांगपत्र में श्रमिक विरोधी चारों श्रम संहिताओं को रद्द कर पूर्व के श्रम कानून बहाल करने, सार्वजनिक उपक्रमों के निजीकरण पर रोक लगाने, न्यूनतम वेतन कानून लागू करने, बाह्य संविदा प्रथा समाप्त करने तथा मानदेय आधारित श्रमिकों को सेवानिवृत्ति पर पेंशन सहित अन्य देय लाभ देने की मांग की गई है। साथ ही बिजली (संशोधन) विधेयक और किसान विरोधी बताए जा रहे भारत-अमेरिका समझौते को रद्द करने की मांग भी शामिल है।

इसके अतिरिक्त मनरेगा को प्रभावी रूप से बहाल करने, आंगनवाड़ी, आशा और रसोइया जैसे मानदेय आधारित कर्मचारियों को नियमित कर 26,000 रुपये मासिक वेतन देने की मांग उठाई गई।
कार्यक्रम में दीवान चंद्र चौधरी, शोभाराम ठाकुर, जयराम वर्मा, आरपी चौधरी, कन्हैया किसान, सत्य प्रकाश, रामदास चौधरी, विनोद चौधरी, त्रिवेणी चौधरी, तिलक राम चौधरी, सुधीर कुमार, मिथिलेश कुमार, बाल गोविंद, संजय राय, प्रवीण कुमार, धर्मेंद्र, राम शंकर, नरसिंह भारद्वाज, बिफई राव, राम दयाल, राम किशुन, दिलीप वर्मा, अजय कुमार, उमेश चंद्र चौधरी, शिवम यादव, राम लौट, के.के. तिवारी, सत्यराम, शेषमणि, विजयलक्ष्मी, इंद्रावती, विद्यावती, अनीता, रुखसाना, राम भवन, राम करन, गुड़िया, मिस्लावती देवी, फूलचंद्र, कुसुम देवी, राम निरख यादव, आशुतोष शर्मा, अमित कुमार श्रीवास्तव, विनीत त्रिपाठी, शैलेश चौहान, अश्वनी शुक्ला, आर.के. श्रीवास्तव, उस्मान खान, जमालुद्दीन, आर.पी. सिंह, अमित पांडेय, सुनीत कुमार, डी.आर. मिश्रा, संदीप श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल रहे।

