लखनऊ। विजयदशमी के पावन अवसर पर जहाँ पूरे देश में शस्त्र पूजन की परंपरा निभाई जाती है, वहीं प्रेम फाउंडेशन भारत के स्वेक्षणिक प्रकल्प PFB स्टडी सेंटर ने इस परंपरा को एक नई दिशा दी। लखनऊ स्थित इस केंद्र के बच्चों ने शस्त्र की जगह पुस्तक और कलम की पूजा कर शिक्षा के महत्व को समाज के सामने रखा।

कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने विजयदशमी के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व पर बताया कि जैसे भगवान राम ने बुराई पर विजय प्राप्त की थी, वैसे ही शिक्षा अज्ञानता और अंधविश्वास पर विजय पाने का सबसे सशक्त साधन है। बच्चों ने अपनी पसंदीदा किताबों को सजाया और कलम की आरती उतारकर ज्ञान की ज्योति को नमन किया।

प्रेम फाउंडेशन भारत के प्रतिनिधियों ने कहा कि इस अनूठे आयोजन का उद्देश्य बच्चों को यह संदेश देना है कि असली शक्ति शस्त्रों में नहीं, बल्कि शिक्षा और ज्ञान में छिपी है। संस्था ने बच्चों को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हुए यह भी संकल्प दिलाया कि वे समाज में शिक्षा का प्रकाश फैलाने का कार्य करेंगे

