बस्ती : नगर थाना क्षेत्र के कोठवाभरतपुर गांव में 30 अगस्त को मिले एक युवक के शव के मामले में नया मोड़ आ गया है। मृतक की पहचान राजमिस्त्री के रूप में हुई, जो गांव का निवासी था। इस घटना से गांव में तनाव व्याप्त हो गया है, और अब मृतक के परिजन एवं सैकड़ों ग्रामीण न्याय की गुहार लेकर सोमवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे।
मृतक की पत्नी और बेटे ने पुलिस अधिकारियों को एक प्रार्थना पत्र सौंपा, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया कि उनके पति की हत्या की गई है। परिजनों का कहना है कि घटना के चार दिन बीत जाने के बाद भी हत्यारों को गिरफ्तार नहीं किया गया है, जिससे वे बेहद आक्रोशित हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दो दिन के भीतर पुलिस ने हत्यारों को गिरफ्तार नहीं किया, तो वे हाईवे जाम कर प्रदर्शन करेंगे।
घटना के संदर्भ में मृतक के बेटे विकास चौहान ने पुलिस को दिए तहरीर में बताया कि उसके पिता राजमिस्त्री का काम करते थे। 30 अगस्त की सुबह वे घर से काम पर निकले थे और शाम 6 बजे लौटे। कुछ समय बाद गांव के ही दो युवक, चंदू और राकेश, उनके पास आए और उन पर मोबाइल और पैसे चोरी करने का आरोप लगाया। इसके बाद वे दोनों उनके पिता को अपने साथ ले गए।
विकास ने आगे बताया कि रात 8 बजे तक जब उनके पिता घर नहीं लौटे, तो परिवार ने उनकी तलाश शुरू की, लेकिन उनका कोई सुराग नहीं मिला। अगले दिन, शुक्रवार की सुबह, गांव में हल्ला मच गया कि झाड़ियों में एक शव पड़ा है। जब परिवार वहां पहुंचा, तो शव की पहचान उनके पिता के रूप में की गई। शव की स्थिति देखकर परिवार वाले स्तब्ध रह गए, क्योंकि उनकी जुबान बाहर निकली हुई थी और गले पर रस्सी के निशान मिले थे। इससे यह साफ था कि उनकी गला घोंटकर हत्या की गई थी।
गांव में इस घटना के बाद से भारी रोष है। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि इस हत्या की जल्द से जल्द जांच की जाए और दोषियों को गिरफ्तार किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि पुलिस ने उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया, तो वे उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।
यह घटना पुलिस प्रशासन के लिए एक गंभीर चुनौती बन चुकी है। परिजनों और ग्रामीणों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है, और यह मामला अब सामाजिक आंदोलन का रूप ले सकता है। पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि वे जल्द ही इस मामले की जांच पूरी करेंगे और दोषियों को सख्त सजा दिलाने का प्रयास करेंगे।

